गुरुद्वारा श्री पातशाही छेविं साहिब, नानकमत्ता

गुरुद्वारा श्री गुरु हरगोबिंद साहिब जी गाँव नानकमत्ता, जिला ऊधम सिंह नगर, उत्तराखंड में स्थित है। यह गुरुद्वारा, गुरुद्वारा श्री नानकमत्ता साहिब से लगभग 1 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है।

श्री नानकमत्ता साहिब के पवित्र स्थल की सेवा और देखभाल बाबा अलमस्त जी किया करते थे, जो गुरु नानक साहिब जी के परम भक्त थे। किंतु गोरख मठ के साधुओं ने बाबा अलमस्त जी को अत्यधिक परेशान किया, उन्हें वहाँ से निकाल दिया और उस पवित्र स्थान पर अधिकार कर लिया। उन्होंने नानकमत्ता का नाम बदलकर फिर गोरखमाता रख दिया। इन्हीं साधुओं ने उस पीपल के वृक्ष को भी आग लगा दी, जिसके नीचे श्री गुरु नानक साहिब जी ने तपस्या की थी।

इस अन्याय से व्यथित होकर बाबा अलमस्त जी ने दरोली भाई से श्री गुरु हरगोबिंद साहिब जी को संदेश भेजा। बाबा अलमस्त जी के निवेदन पर श्री गुरु हरगोबिंद साहिब जी नानकमत्ता पहुँचे और पीपल के वृक्ष पर जल छिड़का, जिससे वह वृक्ष पुनः जीवित हो गया।

इसके बाद साधुओं ने सहायता के लिए पीलीभीत के राजा बाज बहादुर को संदेश भेजा। जब राजा बाज बहादुर वहाँ पहुँचे तो उन्होंने अपनी सेना बाहर ही छोड़ दी और स्वयं आगे बढ़े। जैसे ही उन्होंने श्री गुरु हरगोबिंद साहिब जी के दर्शन किए, वे तुरंत उनके चरणों में गिर पड़े। राजा बाज बहादुर उन 52 राजाओं में से एक थे, जिन्हें गुरु साहिब ने ग्वालियर के किले से मुक्त कराया था।

इसके पश्चात श्री गुरु हरगोबिंद साहिब जी राजा बाज बहादुर के साथ यहाँ से पीलीभीत की ओर प्रस्थान कर गए।

गुरुद्वारा श्री पातशाही छेविं साहिब तक पहुँचने के लिए आप अपनी सुविधा और स्थान के अनुसार विभिन्न यात्रा साधनों का उपयोग कर सकते हैं। नीचे कुछ प्रमुख विकल्प दिए गए हैं:

कार या टैक्सी द्वारा: आप GPS नेविगेशन की सहायता से गुरुद्वारा श्री पातशाही छेविं साहिब तक कार या टैक्सी से आसानी से पहुँच सकते हैं। यह गुरुद्वारा गुरुद्वारा श्री नानकमत्ता साहिब के निकट, उत्तराखंड में स्थित है।

रेल द्वारा: निकटतम रेलवे स्टेशन खटीमा रेलवे स्टेशन है, जो लगभग 17 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। वहाँ से आप टैक्सी किराए पर ले सकते हैं या स्थानीय बस द्वारा नानकमत्ता पहुँच सकते हैं।

बस द्वारा: उत्तराखंड और आसपास के राज्यों के प्रमुख शहरों से नानकमत्ता के लिए नियमित बस सेवाएँ उपलब्ध हैं। नानकमत्ता बस स्टैंड से गुरुद्वारा आसानी से पहुँचा जा सकता है।

हवाई मार्ग द्वारा: निकटतम हवाई अड्डा पंतनगर एयरपोर्ट है, जो लगभग 65 किलोमीटर दूर स्थित है। एयरपोर्ट से आप टैक्सी या बस के माध्यम से नानकमत्ता पहुँच सकते हैं।

यात्रा से पहले यह सलाह दी जाती है कि आप अपने स्थान के अनुसार वर्तमान परिवहन साधनों और समय-सारिणी की जानकारी अवश्य जाँच लें। साथ ही नानकमत्ता पहुँचने पर स्थानीय लोगों से मार्गदर्शन लेने में भी संकोच न करें, क्योंकि गुरुद्वारा क्षेत्र में भली-भांति जाना जाता है।

अन्य नजदीकी गुरुद्वारे